Diye Jalate Hain, Phool Khilate Hain / दिये जलते हैं, फूल खिलते हैं / Namak Haram (1973)

Diye Jalate Hain, Phool Khilate Hain

दिये जलते हैं, फूल खिलते  हैं
बड़ी मुश्किल से मगर, दुनिया में लोग मिलते हैं

जब जिस वक़्त किसीका, यार जुदा होता हैं
कुछ ना पूछो यारों दिल का, हाल बुरा होता है
दिल पे यादों के जैसे, तीर चलते हैं
दिये जलते हैं, फूल खिलते  हैं

दौलत और जवानी, एक दिन खो जाती है,
सच कहता हूँ, सारी दुनिया
दुश्मन बन जाती है
उम्र भर दोस्त लेकिन, साथ चलते हैं
दिये जलते हैं, फूल खिलते  हैं

इस रँग-धूप पे देखो, हरगिज नाज़ ना करना,
जान भी माँगे, यार तो दे देना, नाराज़ ना करना
रँग उड़ जाते हैं, धूप ढलते हैं
दिये जलते हैं, फूल खिलते  हैं


  • फिल्मः नमक हराम (1973)
  • गायक/गायिकाः किशोर कुमार
  • संगीतकारः आर. डी. बर्मन
  • गीतकारः आनंद बख्शी
  • कलाकारः राजेश खन्ना, अमिताभ बच्चन, रेखा


 Diye-Jalate-Hain-Phool-Khilate-Hain-Namak-Haram (1973)

दिये जलते हैं, फूल खिलते हैं

Diye Jalate Hain, Phool Khilate Hain
Badi mushkil se magar, duniyaa men dost milate hain

Jab jis wakt kisi kaa yaar judaa hotaa hai
Kuchh naa puchho yaaro dil kaa haal buraa hotaa hai
Dil pe yaadon ke jaise tir chalate hain

Is rngarup pe dekho, haragij naaj naa karanaa
Jaan bhi maange yaar to de denaa, naaraaj naa karanaa
Rng ud jaate hain, dhup dhalate hain

Daulat aur jawaani, ik din kho jaati hai
Sach kahataa huan saari duniyaa dushman ho jaati hai
Umrabhar dost lekin saath chalate hain




Diye Jalate Hain, Phool Khilate Hain




Diye Jalate Hain, Phool Khilate Hain / दिये जलते हैं, फूल खिलते हैं / Namak Haram (1973) Diye Jalate Hain, Phool Khilate Hain / दिये जलते हैं, फूल खिलते हैं / Namak Haram (1973) Reviewed by FM Hindi Song on दिसंबर 15, 2016 Rating: 5

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